Lohit Mandal / Sun, Jan 14, 2024 / Post views : 265
शुभकामनाएं देकर विदा किया। यह झांकी छत्तीसगढ़ के जनजातीय समाज में आदि-काल से उपस्थित लोकतांत्रिक चेतना और परंपराओं को दर्शाती है। यह झांकी भारत सरकार की थीम "भारत :लोक तंत्र की जननी" पर आधारित है।
श्री साय ने वीडियो कॉल के माध्यम से बालिकाओं से बातचीत की और कहा पूरे छत्तीसगढ़ का मान और सम्मान आपके हाथों में हैं। उन्होंने बालिकाओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा कि 28 राज्यों के बीच हुई कड़ी प्रतियोगिता के बाद प्रदेश को यह अवसर मिला है। छत्तीसगढ़ की बेटियों ने हमेशा प्रदेश का नाम ऊंचा किया है।आज एक बार फिर राष्ट्रीय स्तर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन का मौका हमारे प्रदेश को मिला है।
उन्होंने कहा कि गणतंत्र दिवस के अवसर पर आयोजित कर्तव्यपथ पर होने वाली परेड पर पूरे विश्व की दृष्टि हमारे भारतवर्ष पर रहती है। यह एक ऐसा माध्यम है ,जहां देशभर की कला संस्कृति से अवगत होने का मौका भी मिलता है। श्री साय ने विश्वास जताया कि अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से हमारी बेटियां छत्तीसगढ़ की कला ,संस्कृति और पुरातन परंपराओं को देश ही नहीं बल्कि वैश्विक मानचित्र पर पहचान दिलाने में कामयाब होंगी।विज्ञापन
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